मध्य प्रदेश के 13 सरकारी मेडिकल कॉलेजों के करीब 3,600 एमबीबीएस इंटर्न डॉक्टर मासिक स्टाइपेंड 14,337 रुपये से बढ़ाकर 30,000 रुपये करने की मांग को लेकर अनिश्चितकालीन काम बंद हड़ताल पर हैं। यह आंदोलन 9 जुलाई 2026 से जारी है और हाल ही में तेज हुआ है। चिकित्सा शिक्षा आयुक्त ने 20% वृद्धि का मौखिक आश्वासन दिया है, लेकिन डॉक्टर लिखित आदेश पर अड़े हैं। हड़ताल से नियमित ओपीडी और वार्ड सेवाएं प्रभावित हुई हैं, हालांकि आपातकालीन सेवाएं जारी हैं। जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन और प्रोग्रेसिव मेडिकल टीचर्स एसोसिएशन ने भी इंटर्न्स का समर्थन किया है, जिससे स्वास्थ्य सेवाओं पर संकट गहराने की आशंका है।
मध्य प्रदेश के 13 सरकारी मेडिकल कॉलेजों में कार्यरत करीब 3,600 एमबीबीएस इंटर्न्स ने शनिवार से अनिश्चितकालीन हड़ताल शुरू कर दी है। इंटर्न्स 14,000 रुपये मासिक स्टाइपेंड को बढ़ाकर 30,000 रुपये प्रति माह करने की मांग कर रहे हैं, साथ ही सम्मानजनक कार्य परिस्थितियों की भी मांग है। हड़ताल के कारण नियमित ओपीडी और वार्ड सेवाएं प्रभावित हुई हैं, हालांकि इमरजेंसी सेवाएं जारी हैं। जूनियर डॉक्टर्स एसोसिएशन (जूडा) और प्रोग्रेसिव मेडिकल टीचर्स एसोसिएशन ने आंदोलन का समर्थन किया है।