सेमाग्लूटाइड इंजेक्शन, जो मधुमेह और मोटापे के इलाज में प्रयुक्त होता है, अब बिना डॉक्टरी सलाह के वजन घटाने के लिए बड़े पैमाने पर इस्तेमाल किया जा रहा है। मार्च 2026 में पेटेंट समाप्त होने के बाद इसकी कीमत 20,000 रुपये से घटकर 1,500 रुपये हो गई है, जिससे इसकी मासिक मांग में भारी वृद्धि हुई है। हालांकि, एंडोक्रोनोलॉजिस्ट डॉ. मनुज शर्मा सहित विशेषज्ञों ने चेतावनी दी है कि इसके दुरुपयोग से कमजोरी, डिहाइड्रेशन, मतली, उल्टी और पित्ताशय में पथरी जैसी गंभीर स्वास्थ्य समस्याएं हो सकती हैं।