बालाघाट में बहुचर्चित चावल कांड में पूर्व मंत्री रामकिशोर कावरे के भतीजे और हर्ष राइस इंडस्ट्री के साझेदार अविनाश कावरे को वारासिवनी न्यायालय ने 14 अगस्त तक के लिए पुनः पुलिस रिमांड पर भेज दिया है। एसआईटी उनसे मामले में उनकी और अन्य साझेदारों की संलिप्तता को लेकर गहन पूछताछ करेगी। बालाघाट विधायक अनुभा मुंजारे ने एसआईटी की जांच पर सवाल उठाते हुए प्रभावशाली लोगों की गिरफ्तारी न होने और अविनाश कावरे के अस्पताल में भर्ती होने पर चिंता व्यक्त की। उन्होंने पुलिस पर दबाव बनाने और शहर में बढ़ते अपराधों पर भी सवाल उठाए, प्रभावी पुलिसिंग की मांग की।
मध्य प्रदेश में इथेनॉल उत्पादन के नाम पर हुए चावल घोटाले की जांच में एसआईटी ने तीन राज्यों के 14 राइस मिल संचालकों को संलिप्त पाया है। इनमें मध्य प्रदेश के पूर्व मंत्री रामकिशोर कावरे के बड़े भाई कुमार कावरे की हर्ष राइस मिल भी शामिल है, जिसके बिजनेस पार्टनर और परिवार के सदस्यों से पूछताछ हुई है। कलेक्टर मृणाल मीना के निर्देश पर एफसीआई और नागरिक आपूर्ति निगम ने इन मिलरों को धान वितरण रोकने को कहा है। यह मामला 3 जून को 242 क्विंटल सरकारी चावल से भरे ट्रक के पकड़े जाने से सामने आया था, जिसमें अब तक 10 गिरफ्तारियां हो चुकी हैं।