मल्हारगढ़ रेलवे स्टेशन का करोड़ों रुपये की लागत से नीमच-रतलाम दोहरीकरण के तहत विकास किया गया है, जिसमें स्टेशन का नवीनीकरण और पटरियों का विस्तार शामिल है। इसके बावजूद, स्टेशन पर लंबी दूरी की एक्सप्रेस ट्रेनों का ठहराव नहीं है, जिससे स्थानीय निवासियों को भोपाल, अहमदाबाद और उज्जैन जैसे प्रमुख शहरों तक पहुंचने में परेशानी हो रही है। आमजन लंबे समय से ट्रेनों के ठहराव की मांग कर रहे हैं, क्योंकि उन्हें यात्रा के लिए अन्य स्टेशनों पर जाना पड़ता है, जिससे समय और संसाधनों की बर्बादी होती है। स्थानीय जनप्रतिनिधियों से भी इस समस्या के समाधान की अपेक्षा की जा रही है।
छिंदवाड़ा सांसद बंटी विवेक साहू ने लोकसभा के मानसून सत्र में रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव से मुलाकात कर क्षेत्र की रेल सुविधाओं पर चर्चा की। उन्होंने अमृत भारत स्टेशन योजना के तहत छिंदवाड़ा और जुन्नारदेव स्टेशनों के पुनर्विकास के लिए आभार व्यक्त किया। साहू ने टाटानगर-इतवारी एक्सप्रेस को छिंदवाड़ा तक बढ़ाने, छिंदवाड़ा-आमला डबल ट्रैक, नरसिंहपुर-सागर नई रेलवे लाइन और दादाधाम एक्सप्रेस को पुनः प्रारंभ करने सहित कई महत्वपूर्ण मांगें रखीं। रेल मंत्री ने समग्र रेल विकास के लिए हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
पूर्व लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने पश्चिम रेलवे के जीएम रामश्रय पांडे को पत्र लिखकर इंदौर की रेल सुविधाओं की उपेक्षा पर गहरी नाराजगी जताई है। उन्होंने कहा कि ऐसा लगता है कि पश्चिम रेलवे ने इंदौर को अनाथ समझ लिया है। यात्री गाड़ियों की संख्या बढ़ाने के बजाय अन्य रेलवे ज़ोन से मिले प्रस्तावों को लंबित रखा गया है। महाजन ने जयपुर-इंदौर, रीवा-इंदौर ट्रेन प्रस्तावों के लंबित होने, पीएम द्वारा उद्घाटित MEMU सेवा का रैक हटाने, पुणे ट्रेन के बंद होने और त्रिवेंद्रम एक्सप्रेस के फेरे न बढ़ाने जैसे कई मुद्दों को उठाया।