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सीएम मोहन यादव: यूनिफॉर्म सिविल कोड सभी धर्मों पर लागू करेगा एक जैसे कानून

मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव ने कहा कि प्रस्तावित यूनिफॉर्म सिविल कोड (यूसीसी) सभी धर्मों के लोगों पर एक जैसे कानून लागू करेगा और समाज के सभी वर्गों के नागरिकों के अधिकारों की रक्षा करेगा। यह बयान राज्य विधानसभा द्वारा ‘मध्य प्रदेश यूनिफॉर्म सिविल कोड बिल, 2026’ पारित करने के दो दिन बाद आया। विधानसभा ने 21 जुलाई को ध्वनि मत से यह बिल पारित किया। मुख्यमंत्री ने बताया कि यूसीसी पर चर्चा के दौरान लगभग 3.5 करोड़ लोगों से संपर्क किया गया और 10 लाख से अधिक सुझाव प्राप्त हुए। उन्होंने यह भी कहा कि यूसीसी में शादी, तलाक और विरासत जैसे मामले शामिल होंगे।

10 वर्ष से अधिक अनुभव वाले संविदाकर्मियों के नियमितीकरण की प्रक्रिया जारी: राज्यमंत्री कृष्णा गौर

राज्यमंत्री कृष्णा गौर ने विधानसभा में बताया कि 10 वर्ष से अधिक का अनुभव रखने वाले संविदा कर्मचारियों को नियमित पदों पर संविलियन की प्रक्रिया जारी है। मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने 30 जनवरी 2026 को इसकी घोषणा की थी। संविदा कर्मियों को ग्रेच्युटी, अंशदायी पेंशन, स्वास्थ्य बीमा और अनुकंपा नियुक्ति जैसे लाभ मिलेंगे, साथ ही महिला संविदाकर्मी प्रसूति अवकाश की पात्र होंगी। हालांकि, चाइल्ड केयर लीव का प्रविधान नहीं है। विधायक अनुभा मुंजारे ने प्रक्रिया में देरी पर चिंता व्यक्त की थी।

मध्य प्रदेश निजी विश्वविद्यालय स्थापना एवं संशोधन विधेयक 2026 पारित

मध्य प्रदेश विधानसभा के मानसून सत्र में निजी विश्वविद्यालय स्थापना एवं संशोधन विधेयक 2026 पारित हो गया। मंत्री इन्दर सिंह परमार ने बताया कि यह संशोधन राष्ट्रीय शिक्षा नीति के मापदंडों को पूरा करने और निजी विश्वविद्यालय स्थापित करने को सरल बनाने के लिए है। उन्होंने टांटिया मामा भील विश्वविद्यालय में शिक्षकों की कमी पर दो महीने में भर्ती प्रक्रिया पूरी होने की बात कही। मंत्री ने प्रवेश लक्ष्यों, समय पर परीक्षाओं और डिजिटल मूल्यांकन प्रणाली के बारे में भी जानकारी दी, साथ ही प्रश्न पत्र लीक की शिकायतों के अभाव का उल्लेख किया।

मध्य प्रदेश बना चौथा भाजपा शासित यूसीसी राज्य, सितंबर 2008 के बाद के विवाह पंजीकरण अनिवार्य

मध्य प्रदेश विधानसभा ने मानसून सत्र के दूसरे दिन मंगलवार को समान नागरिक संहिता (यूसीसी) समेत 8 विधेयक पारित किए, जिससे मध्य प्रदेश यूसीसी पारित करने वाला चौथा भाजपा शासित राज्य बन गया है। इस विधेयक के तहत सितंबर 2008 के बाद हुए सभी विवाहों का पंजीकरण अनिवार्य होगा, जिसे यूसीसी लागू होने के एक वर्ष के भीतर कराना होगा। यह कानून राज्य के बाहर रहने वाले मध्य प्रदेश के निवासियों पर भी लागू होगा। सरकारी या निजी नौकरी में वैवाहिक स्थिति बदलने के लिए विवाह पंजीकरण प्रमाण-पत्र अनिवार्य होगा। संपत्ति विवादों में अदालत रक्षक नियुक्त कर सकेगी। सदन में यूसीसी पर पक्ष और विपक्ष के बीच तीखी बहस हुई।

मध्य प्रदेश विधानसभा में 7,765.77 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट पेश

मध्य प्रदेश सरकार ने वित्तीय वर्ष 2026-27 का पहला अनुपूरक बजट विधानसभा में पेश किया, जिसकी कुल राशि 7,765.77 करोड़ रुपये है। उपमुख्यमंत्री एवं वित्त मंत्री जगदीश देवड़ा ने यह बजट प्रस्तुत किया। इसमें नर्मदा घाटी विकास विभाग को सिंचाई परियोजनाओं और भूमि अधिग्रहण के लिए 3,000 करोड़ रुपये का सबसे बड़ा प्रावधान मिला है। अतिरिक्त राशि अधोसंरचना, कृषि, शिक्षा, परिवहन और जनकल्याण से जुड़ी योजनाओं को गति देने में सहायक होगी। विभिन्न विभागों को भी महत्वपूर्ण आवंटन दिए गए हैं।