जबलपुर से छत्तीसगढ़ जाने वाली रेल यात्रा इन दिनों यात्रियों के लिए परेशानी का सबब बनी हुई है। जबलपुर से छत्तीसगढ़ के प्रमुख शहरों के लिए संचालित चार में से तीन सीधी ट्रेनें लगातार विलंब से चल रही हैं। नर्मदा एक्सप्रेस, अमरकंटक एक्सप्रेस और रायपुर-जबलपुर इंटरसिटी जैसी ट्रेनें निर्धारित समय से घंटों देरी से पहुंच रही हैं। इससे विशेष रूप से उन यात्रियों को समस्या हो रही है, जो रायपुर से वापसी की योजना बनाते हैं, उन्हें अपनी आगे की यात्रा टालनी पड़ रही है। बिलासपुर रेल मंडल में रखरखाव कार्य, मालगाड़ियों का दबाव और गोंदिया व कछपुरा आउटर पर तकनीकी कारणों को इन देरी का मुख्य कारण बताया गया है।
जबलपुर-कटनी रेलखंड पर गुरुवार दोपहर आधारताल-देवरी के बीच एक रेल फाटक पर मिनी ट्रक के एक्सल टूटने से फंस जाने के कारण रेल यातायात प्रभावित हुआ। समपार फाटक क्रमांक 323 पर हुई इस घटना के बाद रेलवे प्रशासन ने त्वरित कार्रवाई करते हुए स्थानीय लोगों की मदद से 20 मिनट में ट्रक को हटाकर लगभग 3:30 बजे रेल संचालन बहाल कर दिया। हालांकि, इस वजह से रक्सौल-एलटीटी कर्मभूमि एक्सप्रेस, शक्तिपुंज एक्सप्रेस और जनता एक्सप्रेस सहित कई ट्रेनें दो घंटे तक विलंबित हुईं, जिससे यात्रियों को असुविधा हुई।
भोपाल रेल मंडल में अमृत भारत स्टेशन योजना, रानी कमलापति पिट लाइन, नया कंट्रोल रूम और मल्टी-डिसिप्लिनरी ट्रेनिंग सेंटर सहित करोड़ों की कई परियोजनाएं तय समय-सीमा से पीछे चल रही हैं। अमृत भारत योजना के तहत 15 में से केवल दो स्टेशन पूरे हुए हैं, जबकि रानी कमलापति की अधूरी पिट लाइन नई वंदे भारत के संचालन में बाधा है। नईदुनिया की मुहिम के बाद आज मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव निशातपुरा रेलवे स्टेशन का उद्घाटन कर रहे हैं। परियोजनाओं की लागत बढ़ रही है और समय-सीमा में लगातार देरी हो रही है, जिससे रेलवे की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं।