अंतरराष्ट्रीय बुलियन बाजार में सप्ताह की शुरुआत सकारात्मक रही, जहां सोना 4050 डॉलर प्रति औंस पर पहुंचा। कच्चे तेल के दाम करीब 4 प्रतिशत गिरकर 80 डॉलर प्रति बैरल पर आ गए, जिसका मुख्य कारण अमेरिका-ईरान शांति वार्ता की उम्मीदें थीं। ट्रंप के बयान के बाद होर्मुज जलडमरूमध्य खुलने और परमाणु खतरे के समाप्त होने की संभावना से बाजारों में तनाव कम हुआ। अमेरिकी डॉलर इंडेक्स के फिसलने से सोने में निवेशकों की रुचि बढ़ी। चीन से औद्योगिक उत्पादन बढ़ने के संकेतों ने चांदी को भी समर्थन दिया।
इंदौर में मंगलवार को चांदी ₹5200 प्रति किलो और सोना ₹1000 प्रति दस ग्राम सस्ता हुआ। यह गिरावट अमेरिका में फेड की बैठक से पहले निवेशकों की सतर्कता, अमेरिका-ईरान तनाव में कमी से वैश्विक अस्थिरता घटने और अंतरराष्ट्रीय बुलियन वायदा बाजार में कीमतों में कमी के कारण दर्ज की गई। कामेक्स पर सोना $70 और चांदी 206 सेंट गिरी। बाजार विशेषज्ञ फेड द्वारा ब्याज दरों में बदलाव न करने की उम्मीद कर रहे हैं, हालांकि सितंबर में दरों में वृद्धि की संभावना 80% है।