भाजपा नेता पंकजा मुंडे और राकांपा विधायक धनंजय मुंडे के राजनीति से संन्यास लेने से जुड़े बयानों ने सियासी हलकों में चर्चा का विषय बन गए थे। हालांकि, दोनों नेताओं ने तुरंत स्पष्ट किया कि फिलहाल उनका राजनीति छोड़ने का कोई इरादा नहीं है। पंकजा मुंडे ने बीड में सड़कों की खराब स्थिति पर नाराजगी व्यक्त करते हुए संन्यास के बारे में सोचा था, लेकिन जनता के उत्साह से उन्हें प्रेरणा मिली। वहीं, धनंजय मुंडे ने जातीय राजनीति को गंदा बताते हुए राजनीति छोड़ने की संभावना जताई थी, पर उन्होंने सामाजिक न्याय के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।