सुप्रीम कोर्ट ने जबलपुर के ज्ञानप्रकाश की जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए केंद्र सरकार और केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड (सीपीसीबी) से 1000 करोड़ रुपये से अधिक के पर्यावरण संरक्षण ग्रीन फंड के उपयोग पर जवाब तलब किया है। कोर्ट ने आश्चर्य व्यक्त किया कि वर्ष 1991 में स्थापित इस फंड से अब तक किसी पीड़ित को मुआवजा नहीं मिला। याचिकाकर्ता ने फंड के प्रभावी उपयोग में पारदर्शिता की मांग की है। मामले की अगली सुनवाई में सरकार और बोर्ड को विस्तृत जवाब प्रस्तुत करना होगा।