भोपाल के कोलार थाना क्षेत्र में सोमवार सुबह नर्मदा हाइड्रोइलेक्ट्रिक डेवलपमेंट कारपोरेशन (एनएचडीसी) के वरिष्ठ प्रबंधक जयप्रकाश कटियार (52) की करंट लगने से मौत हो गई। वह अपने मकान की छत पर जमा बारिश का पानी लोहे की रॉड से निकाल रहे थे, तभी रॉड छत के पास से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से छू गई। रविवार रात हुई तेज बारिश के कारण छत पर भारी जलभराव हो गया था। सोमवार सुबह करीब 6:30 बजे पानी साफ करते समय यह हादसा हुआ। परिजनों ने उन्हें निजी अस्पताल पहुंचाया, जहां डॉक्टरों ने मृत घोषित कर दिया। मंगलवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
जबलपुर में बरगी डैम क्रूज हादसे की जांच कर रहे एकल सदस्यीय आयोग ने क्रूज का मलबा संरक्षित कराया है। हाई कोर्ट के सेवानिवृत्त न्यायमूर्ति संजय द्विवेदी की अध्यक्षता में यह आयोग हादसे की परिस्थितियों और कारणों की पड़ताल के लिए मलबे को महत्वपूर्ण साक्ष्य मान रहा है। आयोग ने हादसे से जुड़े अधिकारियों, प्रत्यक्षदर्शियों, प्रभावितों और बचाव कार्य से जुड़े लोगों के बयान दर्ज करने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी है। मलबे से प्राप्त तथ्यों का मिलान बयानों और दस्तावेजी साक्ष्यों से किया जाएगा ताकि हादसे के कारणों पर निष्कर्ष तक पहुंचा जा सके।
मध्य प्रदेश के कटनी में एशिया के सबसे बड़े रेल ग्रेड सेपरेटर में पहली बार एक हादसा हुआ। सोमवार को सिंगरौली से बीना जा रही कोयले से लदी एक मालगाड़ी की कपलिंग खुलने से वह दो हिस्सों में बंट गई। गनीमत रही कि बोगियां पलटी नहीं, जिससे एक बड़ा हादसा टल गया। चालक ने अधिकारियों को सूचित किया और ढाई घंटे की मेहनत के बाद कपलिंग जोड़कर मालगाड़ी को रवाना किया गया। एआरएम रोहित सिंह ने बताया कि रेल यातायात बाधित नहीं हुआ। यह ग्रेड सेपरेटर 1800 करोड़ रुपये की लागत से बन रहा है और इसे “उड़ता जंक्शन” भी कहते हैं।
राजगढ़ जिले में हुए एक दर्दनाक हादसे में देवास जिले के सतवास क्षेत्र के धांसड़ गांव के एक ही परिवार के छह सदस्यों सहित कुल नौ लोगों की मौत हो गई। लकवे से पीड़ित एक महिला के इलाज की उम्मीद में परिवार के लोग घर से निकले थे, लेकिन उनकी कार पड़ाना के पास एक उफनते नाले में बह गई। मंगलवार को धांसड़ गांव में छह शवों को अंतिम विदाई दी गई, जबकि तीन शवों का खंडवा जिले के पुनासा में अंतिम संस्कार हुआ। हादसे के बाद गांव में शोक का माहौल है और स्थानीय विधायक ने पीड़ित परिवार को हरसंभव मदद का आश्वासन दिया है।
नरसिंहपुर जिले के सालीचौका रेलवे फाटक क्रमांक 251 स्पेशल पर एक बड़ा रेल हादसा टल गया। मूंग से लदी एक ट्रैक्टर-ट्रॉली का हिच गड्ढों के कारण टूट जाने से वह रेलवे ट्रैक के बीच फंस गई। इस घटना से रेल यातायात पूरी तरह प्रभावित हुआ और अमरकंटक एक्सप्रेस, पवन एक्सप्रेस सहित कई यात्री ट्रेनों को एक घंटे से अधिक समय तक रोकना पड़ा। रेलवे अमले और स्थानीय ग्रामीणों की मदद से समय रहते ट्रॉली को ट्रैक से हटा लिया गया। स्थानीय निवासी फाटक की जर्जर स्थिति को लेकर आक्रोशित हैं और तत्काल मरम्मत की मांग कर रहे हैं।
दतिया जिले के तलैया मोहल्ले में शासकीय माध्यमिक विद्यालय क्रमांक-6 की बाउंड्री वॉल सुबह 7 बजे तेज बारिश के कारण ढह गई। यह हादसा स्कूल खुलने से एक घंटे पहले हुआ, जिससे बड़ा जानमाल का नुकसान टल गया। मलबे में पास खड़ी एक कार और मोटरसाइकिल क्षतिग्रस्त हो गईं, साथ ही बिजली का डीपी भी गिर गया। विद्युत विभाग ने तत्काल क्षेत्र की बिजली काटी। स्कूल प्रबंधन, शिक्षा विभाग और नगर निगम की टीमें मौके पर पहुंचीं। इस घटना ने मानसून पूर्व भवनों की सुरक्षा जांच पर सवाल खड़े किए हैं, जिस पर स्थानीय अभिभावकों ने भी चिंता व्यक्त की है।
छिंदवाड़ा एयर स्ट्रिप पर मंगलवार सुबह एक बड़ा विमान हादसा टल गया। भोपाल जाने के लिए तैयार पूर्व सांसद नकुल नाथ के विमान का इंजन रनवे पर फेल हो गया। विमान में नकुल नाथ के साथ प्रदेश कांग्रेस प्रभारी हरीश चौधरी भी सवार थे। दोनों नेता भोपाल में एक बैठक में शामिल होने जा रहे थे। विमान चालू तो हुआ लेकिन उड़ान नहीं भर पाया। पायलट ने सूझबूझ दिखाते हुए तुरंत नेताओं और स्टाफ को सुरक्षित उतारा। हरीश चौधरी सड़क मार्ग से भोपाल रवाना हुए, जबकि नकुल नाथ नागपुर के लिए रवाना हो गए। सभी ने राहत की सांस ली।
महाराष्ट्र के भिवंडी में कोहिनूर बिल्डिंग ढहने से 10 लोगों की मौत और तीन घायल होने के बाद नगर निकाय की गंभीर लापरवाही उजागर हुई है। इमारत को आधिकारिक सूची में ‘C2B’ श्रेणी में रखा गया था, जबकि उसे अधिक गंभीर श्रेणी में होना चाहिए था, जिससे तत्काल कार्रवाई में देरी हुई। BNCMC ने अब भिवंडी की सभी C-1, C2A और C2B श्रेणी की इमारतों के पुन: ऑडिट का आदेश दिया है। लापरवाही के लिए जिम्मेदार अधिकारियों पर अनुशासनात्मक, प्रशासनिक और आपराधिक कार्रवाई की जाएगी, जबकि इमारत के मालिक और एक ठेकेदार के खिलाफ FIR दर्ज की गई है।
ग्वालियर में लगातार वर्षा के कारण 16 करोड़ रुपये की लागत से बन रही व्हाइट टॉपिंग सड़क झांसी रोड थाने के सामने लगभग 10 फीट धंस गई, जिससे दो कारें फंस गईं और जाम लग गया। अधिकारियों ने इसे डेढ़ साल पहले डाली गई सीवर लाइन के कॉम्पेक्शन की कमी या प्राकृतिक सेटलमेंट बताया है। इसी बीच, थाटीपुर में सीवर लाइन की खोदाई के कारण एक बड़ा पेड़ गिर गया, जिससे तीन कारें क्षतिग्रस्त हो गईं और यातायात बाधित हुआ। पार्क विभाग ने पेड़ हटाने की कार्रवाई की।
मुरैना जिले के जौरा स्थित पगारा डेम पर बुधवार शाम ग्वालियर के 30 वर्षीय त्रिलोक गुप्ता की डूबने से मौत हो गई। वह अपने छह दोस्तों के साथ पिकनिक मनाने आए थे और शाम करीब 5:30 बजे डेम में नहाने उतरे चार दोस्तों में शामिल थे। तेज बहाव में फंसकर त्रिलोक गुप्ता गहरे पानी में डूब गए। सूचना पर जौरा पुलिस और एसडीआरएफ टीम मौके पर पहुंची। अंधेरे और चुनौतीपूर्ण हालात के बावजूद, एसडीआरएफ ने करीब दो घंटे के रेस्क्यू अभियान के बाद युवक का शव बरामद कर लिया। पुलिस ने मर्ग कायम कर आगे की कार्रवाई शुरू कर दी है।