गैस कंपनियों ने रसोई गैस उपभोक्ताओं को आधार आधारित बायोमेट्रिक ई-केवाईसी के लिए एसएमएस भेजने शुरू कर दिए हैं। 16 अगस्त तक ई-केवाईसी पूरी न कराने वाले उपभोक्ताओं को घरेलू दर पर एलपीजी सिलिंडर मिलने में परेशानी हो सकती है। मध्य प्रदेश में 1.73 करोड़ सक्रिय घरेलू गैस उपभोक्ताओं में से 39.84 लाख का सत्यापन अभी बाकी है। भोपाल में भी 1.94 लाख उपभोक्ताओं की ई-केवाईसी लंबित है। गैस एजेंसी संचालकों के अनुसार, समय पर ई-केवाईसी न कराने पर उपभोक्ताओं को गैर-घरेलू दर पर सिलिंडर लेना पड़ सकता है। उपभोक्ता इंडियन ऑयल वन ऐप, गैस एजेंसी या डिलीवरी कर्मचारी के माध्यम से ई-केवाईसी करा सकते हैं।