सीबीआई ने केनरा बैंक की राजगढ़ शाखा में हुए 8.34 करोड़ रुपये के एमएसएमई लोन घोटाले में तीन नए चालान पेश किए हैं। तत्कालीन बैंक मैनेजर आरमेंद्र कुमार तिवारी और दलालों पर धोखाधड़ी, भ्रष्टाचार और आपराधिक साजिश के आरोप हैं। जांच में सामने आया कि 2017-2020 के दौरान 87 एमएसएमई लोन स्वीकृत किए गए, जिनमें से 49 खातों में 5.21 करोड़ रुपये के लोन बिना किसी व्यवसाय के स्थापित हुए ही निकाल लिए गए। 84.85 लाख रुपये की रिश्वत मैनेजर और उनके रिश्तेदारों के खातों में जमा की गई, जिससे दिल्ली में संपत्ति भी खरीदी गई। अब तक कुल 14 चालान पेश हो चुके हैं।
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