बुलंद सोच, दतिया।

दतिया क्षेत्र में पिछले दो दिनों से लगातार हो रही झमाझम वर्षा के कारण सिंध नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। नदी में लगातार बढ़ रहे पानी से सेवढ़ा का ऐतिहासिक राजाशाही कालीन छोटा पुल प्रभावित हुआ है। बढ़ते जलस्तर के चलते पुल के लगभग आधे दरवाजे (मेहराब) पानी में डूब चुके हैं।
सिंध नदी के जलग्रहण क्षेत्रों में हुई अच्छी वर्षा से नदी में पानी की आवक लगातार बढ़ रही है। इसके चलते नदी अपने पूरे वेग के साथ बह रही है और जलस्तर में निरंतर वृद्धि दर्ज की जा रही है।
सेवढ़ा स्थित यह ऐतिहासिक पुल राजाशाही काल की इंजीनियरिंग का एक उत्कृष्ट उदाहरण माना जाता है। वर्षों पुराना यह पुल आज भी अपनी मजबूती और ऐतिहासिक पहचान के लिए जाना जाता है।
प्रत्येक वर्ष मानसून के दौरान जब सिंध नदी उफान पर आती है, तब इस पुल के कई दरवाजे पानी में समा जाते हैं। इस बार भी बढ़ते जलस्तर के कारण पुल का निचला हिस्सा पूरी तरह जलमग्न हो गया है।
नदी का तेज बहाव और पुल के आसपास का नजारा देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। हालांकि, प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने और नदी के किनारे अनावश्यक भीड़ न लगाने की अपील की है।
प्रशासन ने चेतावनी दी है कि नदी के किनारे खड़े होकर वीडियो और सेल्फी लेना जोखिम भरा हो सकता है। ऐसे में किसी भी प्रकार की लापरवाही गंभीर हादसे का कारण बन सकती है।
प्रशासन द्वारा सिंध नदी के जलस्तर पर लगातार निगरानी रखी जा रही है। संबंधित विभागों को अलर्ट मोड पर रखा गया है और किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए आवश्यक तैयारियां की जा रही हैं।

