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2025-07-26

MP Weather Alert: नर्मदा में उफान, डैमों के खुले गेट, 22 जिलों में रेड अलर्ट जारी

bulandsochnews Senior News Reporter

भारी बारिश से बर्बादी के हालात, गांवों में पानी भर गया, शहरों में ठप हुई ज़िंदगी

🖊️ रिपोर्ट: Buland Soch News| दिनांक: 26 जुलाई 2025

मध्यप्रदेश में मानसून ने मचाई तबाही: नर्मदा का रौद्र रूप और प्रशासन अलर्ट मोड में

मध्यप्रदेश में मानसून की रफ्तार अब रुकने का नाम नहीं ले रही। पिछले 48 घंटों से जारी तेज बारिश ने प्रदेश के 22 जिलों को संकट की स्थिति में ला दिया है। भारतीय मौसम विभाग (IMD) ने इन जिलों में रेड अलर्ट जारी किया है, वहीं नर्मदा नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने के कारण ओंकारेश्वर, इंदिरा सागर, तवा, बरगी और बारना डैम के गेट खोल दिए गए हैं।

इन गेटों के खुलते ही नर्मदा ने रौद्र रूप धारण कर लिया है। इससे न सिर्फ नदियों के किनारे बसे गांवों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं, बल्कि कई जिलों में स्कूल बंद, बिजली गुल और सड़कों पर जाम की स्थिति पैदा हो गई है।

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📍 सबसे अधिक प्रभावित जिले:

  • धार
  • बड़वानी
  • खंडवा
  • हरदा
  • नर्मदापुरम (होशंगाबाद)
  • भोपाल
  • इंदौर
  • रीवा
  • जबलपुर

डैमों के गेट खुले, नर्मदा खतरे के निशान से ऊपर

ओंकारेश्वर डैम के 17 गेट और इंदिरा सागर डैम के 12 गेट खोले गए हैं, जिससे लाखों क्यूसेक पानी नर्मदा नदी में छोड़ा गया। इसका सीधा असर निचले क्षेत्रों में बसे गांवों और घाटों पर पड़ा है।

नर्मदा नदी का जलस्तर खतरे के निशान से ऊपर जा चुका है, जिससे महेश्वर, ओंकारेश्वर, नेमावर और अमरकंटक जैसे पवित्र स्थानों पर अलर्ट जारी किया गया है।

गांवों में बाढ़ जैसे हालात, NDRF की तैनाती

धार जिले के मानावर ब्लॉक, बड़वानी के अंजड़ क्षेत्र और खंडवा जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में कई गांव जलमग्न हो गए हैं। दर्जनों लोगों को रेस्क्यू कर सुरक्षित स्थानों पर पहुँचाया गया है।

प्रशासन ने राहत शिविर शुरू कर दिए हैं, वहीं NDRF और SDRF की टीमें फील्ड में तैनात हैं।

मवेशी बहने की घटनाएं भी सामने आई हैं, जबकि खेतों में खड़ी फसलें पूरी तरह बर्बाद हो गई हैं।

शहरों में जलजमाव, ट्रैफिक, बिजली संकट

भोपाल, इंदौर, जबलपुर और उज्जैन जैसे बड़े शहरों में सड़कों पर पानी भर गया है। कई जगह 2-3 फीट तक पानी भरने से गाड़ियाँ फँस गईं।

भोपाल के कोलार, टीटी नगर, और ऐशबाग इलाकों में ट्रैफिक पूरी तरह ठप रहा।

इंदौर के एमजी रोड और राऊ क्षेत्र में जलजमाव की वजह से बिजली के खंभे गिरने और ट्रांसफॉर्मर खराब होने की घटनाएं सामने आई हैं। कई इलाकों में 8 घंटे से बिजली नहीं है।

स्कूल बंद, ट्रेनों पर असर, मंदिरों पर चेतावनी

  • भोपाल, इंदौर, नर्मदापुरम और खंडवा में स्कूलों को अगले आदेश तक बंद किया गया है।
  • पश्चिम-मध्य रेलवे के कुछ ट्रेनों का रूट बदला गया है।
  • नर्मदा के घाटों पर सुरक्षा बल तैनात हैं और श्रद्धालुओं को घाटों के पास न जाने की सख़्त चेतावनी दी गई है।

प्रशासनिक तैयारी और सरकारी अलर्ट

मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने आपदा प्रबंधन प्राधिकरण के साथ उच्चस्तरीय बैठक की है। सभी कलेक्टरों को निर्देश दिए गए हैं कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में राहत और बचाव कार्य में कोई कोताही न हो।

सरकारी हेल्पलाइन नंबर 1079 और 100 को 24×7 सक्रिय रखा गया है।

Buland Soch News आपसे अपील करता है कि:

  • अपने क्षेत्र में प्रशासन के निर्देशों का पालन करें
  • नदियों, नालों और घाटों के पास न जाएं
  • अफवाहों से बचें और केवल विश्वसनीय जानकारी पर भरोसा करें
  • किसी भी आपात स्थिति में 1079 या 100 पर कॉल करें