बुलंद सोच, गुना।
मध्य प्रदेश के गुना में ऑनलाइन भुगतान के नाम पर दुकानदारों को ठगने वाले एक युवक का भंडाफोड़ हुआ है। विकास नगर निवासी आशु राजपूत नकली यूपीआई ट्रांजेक्शन के स्क्रीनशॉट दिखाकर ठगी करता था।
रविवार को बोहरा मस्जिद रोड स्थित ‘बादशाह प्रोविजन’ स्टोर पर कर्मचारियों ने आरोपी आशु राजपूत को रंगे हाथों पकड़ लिया।
पुलिस पूछताछ में सामने आया कि आशु अपने 2-3 साथियों के साथ लाल रंग की बाइक पर शहर की अलग-अलग दुकानों पर पहुंचता था। वह पहले महंगे काजू, बादाम और अन्य प्रीमियम सामान की सूची तैयार करता था।
भुगतान के नाम पर आशु मोबाइल में एडिट किया हुआ यूपीआई ट्रांजेक्शन का स्क्रीनशॉट दिखाता और सामान लेकर निकल जाता था। दुकानदार को तुरंत कोई बैंक अलर्ट या साउंडबॉक्स की आवाज नहीं मिलती थी।
आरोपी सर्वर डाउन या नेटवर्क की समस्या का बहाना बनाकर दुकानदार का भरोसा जीत लेता और वहां से आराम से चला जाता था।
करीब 15 दिन पहले भी आशु इसी दुकान पर आया था और उसने लगभग 10 से 12 हजार रुपये का सामान लिया था। दुकान संचालक अख्तर भाई को उस समय शक हुआ था क्योंकि भुगतान की पुष्टि करने वाली आवाज नहीं आई थी, लेकिन आरोपी बातों में उलझाकर वहां से चला गया था।
पहली घटना के बाद दुकानदारों ने तय किया था कि यदि आरोपी दोबारा दुकान पर आया तो उसे पकड़ लिया जाएगा। रविवार को आशु फिर उसी तरीके से दुकान पहुंचा और फर्जी स्क्रीनशॉट दिखाकर सामान लेने की कोशिश की।
इस बार कर्मचारियों ने तुरंत उसे घेर लिया और दुकान से बाहर नहीं निकलने दिया। शोर सुनकर आसपास के दुकानदार भी मौके पर पहुंच गए।
घटना की सूचना मिलते ही कोतवाली पुलिस मौके पर पहुंची और आरोपी को हिरासत में ले लिया। पुलिस ने उसकी लाल रंग की बाइक भी जब्त कर ली है।
पुलिस के अनुसार, आरोपी पिछले करीब डेढ़ महीने से शहर की कई दुकानों को इसी तरीके से ठग रहा था। शुरुआती जांच में लगभग 10 से 12 हजार रुपये की ठगी का मामला सामने आया है।
पुलिस अब उसके फरार साथियों की तलाश कर रही है और यह भी जांच की जा रही है कि शहर में और किन-किन दुकानों को इसी तरीके से निशाना बनाया गया है।
पुलिस की दुकानदारों से अपील
सीएसपी आनंद राय ने दुकानदारों से अपील की है कि ऑनलाइन भुगतान स्वीकार करते समय केवल ग्राहक के स्क्रीनशॉट पर भरोसा न करें।
उन्होंने कहा कि भुगतान की पुष्टि साउंडबॉक्स, बैंक मैसेज या बैंक खाते में राशि आने के बाद ही करें और पुष्टि होने से पहले किसी भी ग्राहक को सामान न दें।

