बुलंद सोच, भोपाल।
मध्य प्रदेश पुलिस ने सड़कों पर हूटर और बत्ती लगाकर उत्पात मचाने वालों के खिलाफ सख्त रुख अपनाने का निर्णय लिया है। पुलिस मुख्यालय (PHQ) के निर्देश पर प्रदेशभर में 1 अगस्त से 10 अगस्त तक एक विशेष जांच अभियान चलाया जा रहा है।
इस अभियान के तहत, वाहनों पर अवैध रूप से हूटर, लाल-पीली बत्ती, फर्जी शासकीय स्टीकर और काली फिल्म (टिंटेड ग्लास) लगाने वाले वाहन चालकों के विरुद्ध सख्त कार्रवाई की जाएगी।
इस 10 दिवसीय विशेष चेकिंग अभियान के दौरान केवल बत्ती या हूटर ही नहीं, बल्कि निर्धारित मानकों (हाई-सिक्योरिटी रजिस्ट्रेशन प्लेट) से हटकर फैंसी या गलत तरीके से लगाई गई नंबर प्लेटों और मोटर वाहन अधिनियम (Motor Vehicles Act) के अन्य नियमों का उल्लंघन करने वाले वाहनों के चालान भी काटे जाएंगे।
पुलिस मुख्यालय ने प्रदेश के सभी पुलिस अधीक्षकों (SPs) को स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि वे अपने-अपने जिलों में पुलिस टीमों को मैदान में उतारकर सघन चेकिंग अभियान चलाएं। साथ ही, दोषियों पर विधि वैधानिक कार्रवाई सुनिश्चित करें।
केंद्रीय कैबिनेट ने 19 अप्रैल 2017 को मंत्रियों और प्रशासनिक अधिकारियों के वाहनों से लाल-पीली बत्ती और हूटर हटाने का आदेश जारी किया था, जो 1 मई 2017 से पूरे देश में प्रभावी हुआ था।
इसके बावजूद, कई लोग अपने निजी वाहनों पर हूटर, बत्ती और ‘शासकीय’ लिखे स्टीकरों का धड़ल्ले से इस्तेमाल कर रहे हैं। पुलिस ने इसी वीआईपी कल्चर और नियमों की अनदेखी पर लगाम लगाने के लिए यह कार्रवाई शुरू की है।

