बुलंद सोच, नीमच।

नीमच जिले में युवक कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के पोस्टर पर आपत्तिजनक स्टिकर लगाए हैं।
इन स्टिकरों के माध्यम से कांग्रेसियों ने छात्र आंदोलन में की गई कार्रवाई को अमानवीय बताते हुए अपना विरोध जताया है।
युवक कांग्रेस के इस विरोध प्रदर्शन को भाजपा ने राजनीतिक गिरावट और कांग्रेसियों का घिनौना चेहरा करार देते हुए विरोध के साथ शिकायत दर्ज कराई है।
पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए प्रकरण दर्ज कर लिया है और जांच की जा रही है।
जिले में, विशेषकर शहर में, सरकारी योजनाओं के कई पोस्टर और होर्डिंग्स लगे हैं, जिनमें प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री मोहन यादव के फोटो हैं।
शहर में जिला अस्पताल रोड पर नीमच केंट थाने के सामने भी ऐसी ही एक सरकारी योजना का पोस्टर लगा हुआ है।
शुक्रवार सुबह लोगों की निगाहें इस पोस्टर पर पड़ीं तो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के फोटो पर आपत्तिजनक स्टिकर लगे हुए थे।
थाने के सामने संवैधानिक पद पर बैठे प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के पोस्टर पर आपत्तिजनक स्टिकर लगाने के इस मामले ने तूल पकड़ लिया।
मध्य प्रदेश युवक कांग्रेस जिलाध्यक्ष मनमोहन सिंह बांगरेड़ सहित अन्य ने इसकी जिम्मेदारी ली है।
युवक कांग्रेस के नेताओं और कार्यकर्ताओं का कहना है कि पेपर लीक मामले में देश की राजधानी में छात्रों के विरोध प्रदर्शन के दौरान देश और दिल्ली की सरकार ने अमानवीयता की।
उन्होंने बताया कि छात्रों पर बल प्रयोग कर उन्हें बेरहमी से पीटा गया और कई छात्र घायल हुए।
इसी कार्रवाई के विरोध में, प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर हमने विरोध प्रदर्शन कर स्टिकर लगाए हैं।
भाजपाइयों ने इस प्रदर्शन को राजनीति में गिरावट करार दिया है और कांग्रेसियों का घिनौना चेहरा बताते हुए पुलिस से कार्रवाई की मांग की है।
नीमच केंट पुलिस ने अज्ञात आरोपितों के खिलाफ प्रकरण दर्ज कर मामला जांच में लिया है।
मध्य प्रदेश के उद्योग और व्यापार की असीमित संभावनाओं पर आधारित सरकारी पोस्टर पर प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के फोटो पर करीब 4 आपत्तिजनक स्टिकर लगाए गए हैं।
इन स्टिकरों में सीधे तौर पर “मोदी ने मरवा दिया”, “छात्रों का खून मोदी के हाथ”, “संघी बूमर्स ने जेन जी को मरवा दिया” और “जेन जी से डर गया बूमर मोदी” लिखा हुआ है।
इन स्टिकरों को बेहद आपत्तिजनक माना जा रहा है।
युवक कांग्रेस के स्टिकर आंदोलन की जानकारी लगने पर भाजपा के मोहन सिंह राणावत, दारा सिंह यादव, मदन गुर्जर और रवि पाटीदार सहित अन्य ने विरोध जताया।
उन्होंने पुलिस के समक्ष विरोध और आपत्ति दर्ज कराते हुए दोषियों पर कार्रवाई की मांग की है।
भाजपाइयों के इस प्रदर्शन के बाद पुलिस हरकत में आई और प्रकरण दर्ज किया।
युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष मनमोहन सिंह बांगरेड़ ने कहा कि देश की राजधानी नई दिल्ली के जंतर मंतर पर पेपर लीक मामले में विरोध प्रदर्शन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और गृह मंत्री अमित शाह का अमानवीय चेहरा सामने आया है।
उन्होंने आगे कहा कि प्रदर्शन के दौरान छात्रों पर न केवल लाठीचार्ज किया गया बल्कि अमानवीय बर्ताव किया गया, जो किसी भी स्थिति में स्वीकार नहीं किया जा सकता है।
बांगरेड़ ने बताया कि प्रदेश नेतृत्व के आह्वान पर समूचे प्रदेश के साथ जिले में युवक कांग्रेस ने विरोध प्रदर्शन किया और प्रधानमंत्री मोदी व मुख्यमंत्री डॉ. यादव के पोस्टर पर विरोध स्वरूप स्टिकर लगाए हैं।
भाजपा जिलाध्यक्ष वंदना खंडेलवाल ने कहा कि जंतर मंतर पर छात्रों की आड़ में हुए विरोध प्रदर्शन में असामाजिक तत्व घुस आए थे।
उन्होंने यह भी कहा कि 15 साल की बालिका कैसे नीट की परीक्षा दे सकती है, लेकिन इसके बावजूद कम आयु के युवक-युवतियों ने प्रदर्शन में शामिल होकर प्रधानमंत्री और अन्य के प्रति अमर्यादित भाषा का उपयोग किया है।
खंडेलवाल ने बताया कि इसके बावजूद प्रधानमंत्री ने बड़ा मन रखते हुए सभी को माफ कर दिया।
उन्होंने आरोप लगाया कि शहर में प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री के पोस्टर पर आपत्तिजनक स्टिकर लगाकर कांग्रेसियों ने घिनौना और घृणित कार्य किया है, जिसके संबंध में भाजपा की ओर से शिकायत दर्ज कराई गई है।
नीमच केंट टीआई सौरभ शर्मा ने बताया कि शासकीय योजना के पोस्टर में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव के फोटो पर आपत्तिजनक स्टिकर लगाने के मामले में पुलिस ने प्रकरण दर्ज किया है।
उन्होंने कहा कि मामले में जांच कर दोषियों के खिलाफ विधि अनुसार सख्त कार्रवाई की जाएगी।

