बुलंद सोच।
केंद्र सरकार ऑपरेशन त्रिशूल के तहत पिछले सात वर्षों में 36 देशों से 274 भगोड़े अपराधियों को भारत वापस लाने में सफल रही है। ये अपराधी विभिन्न देशों में नाम और पहचान बदलकर छिपे हुए थे।
जांच एजेंसियों ने सैटेलाइट इनपुट, डिजिटल मैपिंग और प्रोफाइल ट्रैकिंग के माध्यम से विदेश में पहचान बदलकर छिपे इन भगोड़े अपराधियों का पता लगाया। उन्होंने इनकी जियो-लोकेशन ट्रैक की और इन्हें खोज निकाला।
जनवरी 2026 में, आईबी के मल्टी एजेंसी सेंटर के तहत एक समर्पित समूह का गठन किया गया। यह समूह मामलों को प्राथमिकता देने और अंतरराष्ट्रीय समन्वय को तेज करने का कार्य कर रहा है।
तहव्वुर हुसैन राणा का अमेरिका से प्रत्यर्पण भारत के संकल्प और जटिल आतंकी मामलों में धैर्यपूर्ण कानूनी-कूटनीतिक प्रयासों का एक महत्वपूर्ण उदाहरण है।

