BREAKING NEWS
2026-07-23

पारस डिफेंस मध्य प्रदेश में 6,200 करोड़ रुपये की सेमीकंडक्टर यूनिट लगाएगी

bulandsochnews Senior News Reporter

बुलंद सोच, भोपाल।

रक्षा और अंतरिक्ष क्षेत्र की अग्रणी कंपनी पारस डिफेंस एंड स्पेस टेक्नोलॉजीज लिमिटेड मध्य प्रदेश में करीब 6,200 करोड़ रुपये का निवेश करेगी। कंपनी की प्रस्तावित परियोजना से 2,500 से अधिक प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने की उम्मीद है। इस संबंध में कंपनी के मैनेजिंग डायरेक्टर मंजुल शरद शाह ने मंगलवार को विधानसभा स्थित मुख्यमंत्री कक्ष में मुख्यमंत्री मोहन यादव से मुलाकात की। बैठक के दौरान मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने निवेशकों का स्वागत करते हुए कहा कि मध्य प्रदेश उद्योगों के लिए अनुकूल वातावरण उपलब्ध करा रहा है और सरकार निवेशकों को हरसंभव सहयोग देगी। इस अवसर पर विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी विभाग और पारस डिफेंस के बीच एक समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर भी किए गए।

राज्य की सेमीकंडक्टर नीति का प्रभाव

प्रमुख सचिव, औद्योगिक नीति एवं निवेश संवर्धन, राघवेंद्र कुमार सिंह ने मुख्यमंत्री को बताया कि राज्य की नई सेमीकंडक्टर नीति से प्रभावित होकर कंपनी ने मध्य प्रदेश में अपनी यूनिट स्थापित करने का निर्णय लिया है। कंपनी ने परियोजना के लिए भूमि का प्रारंभिक चयन भी कर लिया है और जल्द ही भूमि आवंटन का औपचारिक प्रस्ताव सरकार को सौंपेगी।

Advertisement

उज्जैन में इकाई की स्थापना की योजना

कंपनी की योजना विश्वस्तरीय ओएसएटी (आउटसोर्स सेमीकंडक्टर असेंबली एंड टेस्ट) इकाई स्थापित करने की है। इसके लिए लगभग 50 एकड़ भूमि की आवश्यकता होगी। एमपीआईडीसी ने कंपनी को डीएमआईसी विक्रम उद्योगपुरी लिमिटेड, उज्जैन (फेज-2) में करीब 40 एकड़ भूमि दिखाई है। कंपनी के अधिकारियों ने स्थल का निरीक्षण कर इसे परियोजना के लिए उपयुक्त माना है।

पारस डिफेंस एंड स्पेस टेक्नोलॉजीज लिमिटेड

पारस डिफेंस एंड स्पेस टेक्नोलॉजीज लिमिटेड देश की प्रमुख रक्षा एवं अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी कंपनियों में शामिल है। कंपनी रक्षा, अंतरिक्ष और एयरोस्पेस क्षेत्र के लिए अत्याधुनिक तकनीक और उपकरण विकसित करती है। इसके उत्पादों में ऑप्टिक्स एवं ऑप्ट्रॉनिक्स सिस्टम, डिफेंस इलेक्ट्रॉनिक्स, एंटी-ड्रोन सिस्टम, आरएफ एवं माइक्रोवेव सिस्टम, स्पेस टेक्नोलॉजी, क्वांटम टेक्नोलॉजी और हाई-प्रिसिजन इंजीनियरिंग समाधान शामिल हैं। कंपनी के विनिर्माण संयंत्र महाराष्ट्र, कर्नाटक और तेलंगाना में संचालित हैं। यह रक्षा मंत्रालय, डीआरडीओ, इसरो और अन्य राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय संस्थाओं को तकनीकी समाधान उपलब्ध कराती है। कंपनी भारतीय शेयर बाजार के एनएसई और बीएसई में सूचीबद्ध है और रक्षा क्षेत्र में चार दशक से अधिक का अनुभव रखती है।