बुलंद सोच, देवास।
देवास जिले के उदयनगर थाना क्षेत्र के एक गांव में पिछले साल कक्षा छठी की छात्रा से दुष्कर्म के मामले में न्यायालय ने आरोपी को दोषी पाते हुए कड़ी सजा सुनाई है। द्वितीय अपर सत्र न्यायाधीश बागली ने 23 वर्षीय सतीश मौर्य को शेष प्राकृतिक जीवनकाल के लिए आजीवन कारावास की सजा सुनाई। इसके साथ ही उसे 10,000 रुपये का अर्थदंड भी किया गया है।
उपनिदेशक (अभियोजन) जीपी घाटिया ने बताया कि स्कूल का अवकाश होने के कारण छात्रा अपने खेत पर गई थी। मक्के के दाने बीन कर शाम को जब वह अपने घर वापस आ रही थी, तभी रास्ते में उसे सतीश मौर्य मिला। सतीश मौर्य ने छात्रा से गोबर की टोपली उठवाने के लिए कहा था।
गोबर की टोपली उठवाने के लिए छात्रा खेत पर बनी टापरी की तरफ चली गई थी। इसी दौरान आरोपी सतीश मौर्य ने छात्रा का मुंह दबाकर उसे पटक दिया और दुष्कर्म किया। विरोध करने और शोर मचाने के दौरान आरोपी ने छात्रा का गला दबा दिया था, जिससे छात्रा बेहोश हो गई थी।
करीब 20 मिनट बाद छात्रा को होश आया और वह घबराते, लड़खड़ाते हुए अपने घर आई। उसने अपने स्वजन को घटना के बारे में बताया, जिसके बाद मामला पुलिस तक पहुंचा। पुलिस ने आरोपी सतीश मौर्य के विरुद्ध दुष्कर्म, पॉक्सो एक्ट और अन्य धाराओं में मामला दर्ज किया था। यह प्रकरण गंभीर जघन्य सनसनीखेज की श्रेणी में चिन्हित था।

