बुलंद सोच, इंदौर।
अमेरिकी डॉलर में कमजोरी के कारण सप्ताह के अंतिम कारोबारी दिवस शुक्रवार शाम तक अंतरराष्ट्रीय बुलियन वायदा बाजार में सोने-चांदी का कारोबार बेहद सुस्त रहा, जिससे कॉमेक्स पर दोनों धातुओं में कमजोरी देखी गई। कॉमेक्स पर सोना वायदा 26 डॉलर टूटकर 4054 डॉलर प्रति औंस पर और चांदी वायदा मामूली घटकर 57.97 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करती देखी गई। इधर, भारतीय बाजारों में ऊंचे दामों पर लेवाली और छोटे निवेशकों की मुनाफावसूली की बिकवाली आने से चांदी चौरासा 300 रुपये घटकर 220000 रुपये प्रति किलो रह गई। घटे दामों पर भी व्यापार बेहद सुस्त रहा। वहीं, सोना केडबरी का कारोबार भी सुस्त रहा और यह 141850 रुपये प्रति दस ग्राम पर स्थिर रहा।
निवेशकों की नजर फेडरल रिजर्व नीति और भू-राजनीतिक तनाव पर
ज्वेलर्स का कहना है कि निवेशकों ने फेडरल रिजर्व की नई मौद्रिक नीति और मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव का आकलन किया है। फेडरल रिजर्व ने ब्याज दरों को 3.50 फीसदी-3.75 फीसदी पर स्थिर रखा है और चेयरमैन केविन वार्श ने महंगाई को नियंत्रित करने के लिए केंद्रीय बैंक की प्रतिबद्धता दोहराई है। इस बीच, जॉर्डन में अमेरिकी सैनिकों पर ईरानी मिसाइल हमलों के बाद अमेरिका द्वारा आईआरजीसी के कई ठिकानों पर हमले किए जाने से अमेरिका और ईरान के बीच फिर से सैन्य कार्रवाई शुरू हो गई है। इससे सुरक्षित निवेश के तौर पर सोने की मांग आगे बढ़ सकती है। भू-राजनीतिक अनिश्चितता और महंगाई के जोखिम के समय सोने के प्रति आकर्षण के बावजूद, ब्याज दरों के ऊंचे बने रहने की उम्मीदें इसकी कीमतों में और बढ़ोतरी को सीमित कर रही हैं। सीएमई फेड वॉच के अनुसार, बाजार अभी सितंबर में ब्याज दरें बढ़ने की 65 फीसदी संभावना मानकर चल रहा है, जो फेड की बैठक से पहले लगभग 81 फीसदी थी।
भौतिक बाजार की स्थिति
भौतिक बाजार की बात करें तो, जून में हांगकांग के जरिए चीन का नेट गोल्ड इंपोर्ट महीने-दर-महीने 5 फीसदी से अधिक घटकर 50.679 टन रह गया, जो इंपोर्ट की कमजोर मांग को दर्शाता है। भारत का भौतिक बाजार सुस्त रहा क्योंकि घरेलू कीमतें अधिक होने से खरीदार पीछे हट गए। डीलरों का डिस्काउंट बढ़कर 56 डॉलर प्रति औंस हो गया, जो सात हफ्तों में सबसे ज्यादा है। हालांकि, चीन में खरीदारी में सुधार हुआ और सोना ग्लोबल स्पॉट कीमतों के मुकाबले 3-6 डॉलर प्रति औंस के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा था। जून के अंत में लंदन वॉल्ट्स में सोने का भंडार 0.77 फीसदी बढ़कर 9,464 टन हो गया। वर्ल्ड गोल्ड काउंसिल की रिपोर्ट के अनुसार, भारत का जून तिमाही का नेट गोल्ड इंपोर्ट साल-दर-साल 23 फीसदी घटकर 98.1 टन रह गया, जबकि कुल सोने की मांग 6 फीसदी घटकर 131.4 टन रही। यह इंपोर्ट टैरिफ बढ़ने के बाद भी मजबूत निवेश मांग के बावजूद कमजोर ज्वेलरी खपत को दर्शाता है।
कॉमेक्स और इंदौर के बंद भाव
कॉमेक्स वायदा में सोना वायदा 4054 डॉलर तक जाने के बाद ऊपर में 4110 डॉलर और नीचे में 4005 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करता देखा गया। चांदी 57.97 डॉलर तक जाने के बाद ऊपर में 59.15 डॉलर और नीचे में 57.87 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार करती देखी गई। इंदौर के बंद भाव में सोना केडबरी रवा नकद में 141850 रुपये, सोना आरटीजीएस में 142100 रुपये (जीएसटी अतिरिक्त) और सोना 22 कैरेट 130200 रुपये प्रति दस ग्राम (जीएसटी अतिरिक्त) रहा। गुरुवार को सोना 141800 रुपये पर बंद हुआ था। चांदी चौरसा 220000 रुपये, आरटीजीएस 215700 रुपये, चांदी टंच 220700 रुपये प्रति किलो और चांदी सिक्का 2550 रुपये (प्रति नग) के भाव बोले गए। गुरुवार को चांदी 220300 रुपये पर बंद हुई थी।

