बुलंद सोच, जबलपुर।

जबलपुर स्थित रानी दुर्गावती विश्वविद्यालय (रादुविवि) की स्नातक परीक्षाओं के दौरान सोमवार को मंडला और डिंडौरी जिलों में हुई बारिश के कारण कई परीक्षार्थियों को परेशानी का सामना करना पड़ा। अनेक स्थानों पर सड़क और पुल-पुलियों पर पानी भर जाने से आवागमन बाधित हुआ। मार्ग बंद होने के कारण कुछ परीक्षार्थी समय पर परीक्षा केंद्रों तक नहीं पहुंच सके, जिससे उनकी परीक्षा छूटने की शिकायतें सामने आईं।
विश्वविद्यालय का संज्ञान
छात्रों ने इस संबंध में परीक्षा केंद्रों के केंद्राध्यक्षों और विश्वविद्यालय के अधिकारियों को सूचित किया। इसके बाद विश्वविद्यालय प्रशासन ने प्रभावित केंद्रों से परीक्षार्थियों की अनुपस्थिति और उनके परीक्षा में शामिल न हो पाने के कारणों की जानकारी मांगी है। रादुविवि के परीक्षा नियंत्रक डॉ. सुनील दुबे ने बताया कि दो जिलों में भारी बारिश के चलते कुछ समस्याएं आई हैं। उन्होंने कहा कि प्रभावित जिलों से जानकारी जुटाई जा रही है और यदि मौसम की वजह से छात्रों को परीक्षा केंद्रों तक पहुंचने में समस्या आई है तो विश्वविद्यालय आवश्यक कार्रवाई करेगा।
प्रभावित केंद्र और आवागमन
मंडला और डिंडौरी जिलों में लगभग 20 केंद्रों पर स्नातक परीक्षाएं आयोजित की जा रही हैं। इनमें अंजनिया, नारायणगंज, महदबनी, शाहपुरा, बमनी बंजर, बुआ बिछिया, नैनपुर और करंज सहित अन्य स्थान शामिल हैं। इन केंद्रों पर आसपास के ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों से विद्यार्थी परीक्षा देने पहुंचते हैं। सोमवार को सुबह 11 बजे और दोपहर तीन बजे की पाली में परीक्षाएं हुईं। कुछ केंद्रों पर परीक्षार्थियों की उपस्थिति कम रही, जबकि कुछ विद्यार्थी देर से पहुंचे। लगातार बारिश के कारण कई स्थानों पर सड़क और पुल-पुलियों पर पानी भर गया था। अमरपुर-समनापुर मार्ग बंद होने से विद्यार्थियों को सर्वाधिक परेशानी का सामना करना पड़ा, जिससे आसपास के क्षेत्रों से परीक्षा देने आने वाले विद्यार्थियों की आवाजाही प्रभावित हुई।
आयोजित परीक्षाएं
सोमवार को बीएससी प्रथम वर्ष की माइनर-1 परीक्षा में कंप्यूटर एप्लीकेशन का पायथन प्रोग्रामिंग, यांत्रिकी एवं पदार्थ के मूल सिद्धांत, कंप्यूटर ऑर्गनाइजेशन, जैव रसायन के मूल सिद्धांत और बेसिक कैलकुलस सहित विभिन्न विषयों की परीक्षाएं हुईं। कला संकाय में पायथन प्रोग्रामिंग, भारतीय टेराकोटा कला, विश्व साहित्य, कार्यालयीन हिंदी एवं भाषा कंप्यूटिंग और भारतीय सामाजिक संस्थाएं सहित अन्य विषयों की परीक्षा आयोजित की गई।

